Share
तेलंगाना के तिरुपति यादारी मंदिर के राजनीतिकरण पर भाजपा समेत विपक्ष आग-बबूला

तेलंगाना के तिरुपति यादारी मंदिर के राजनीतिकरण पर भाजपा समेत विपक्ष आग-बबूला

तेलंगाना के तिरुपति कहे जाने वाले यादारी मंदिर में सत्तारूढ़ दल के चुनाव चिन्ह और मुख्यमंत्री चन्द्रशेखर राव का चेहरा मंदिर पर उकेरे जाने ने भाजपा और कांग्रेस समेत सभी विपक्षी दलों को आग बबूला कर दिया है.

इन दलों ने मंदिर के मुख्यद्वार के बाहर धरना देकर अपना अपना विरोध दर्ज कराया और चेतावनी दी कि मंदिर का अगर राजनीतिकरण बंद नहीं किया गया तो व्यापक आंदोलन छेड़ा जाएगा.

धरना देने वालों में भाजपा और कांग्रेस के नेताओं के साथ ही विश्व हिन्दू परिषद, हिन्दू परिरक्षण समिति सहित मंदिर का पुजारी भी शामिल रहा जिसका कहना है कि धर्म शास्त्रो के अनुसार मंदिर परिसर में खम्भों पर राजनेताओं की तस्वीरें उकेरना अधर्म है.

धरने के दौरान संघर्ष की स्थिति तब बन गई जब मंदिर के भीतर जाने से कुछ भाजपा समर्थकों को रोका गया और उन्होंने आत्मदाह करने की कोशिश की.

फिलहाल किसी तरह स्थिति पर काबू पा लिया गया है और भाजपा के तेज-तर्रार  विधायक राजा सिंह ने ऐलान किया है कि वो कल मंदिर के भीतर जाकर देखेंगे और आपत्तिजनक तस्वीरों की सूची बनाकर उन्हें हटाने के लिए राज्य सरकार पर दबाव बनाएंगे.

उल्लेखनीय है कि भगवान लक्ष्मी नरसिम्हा के इस मंदिर का मुख्यमंत्री केसीआर पूर्ण नवीनीकरण करा रहे हैं और यह कार्य अगले साल तक पूरा होने की उम्मीद है.

इसी नवीनीकरण के दौरान मंदिर के खम्भों पर मुख्यमंत्री केसीआर की छवि और तेलंगाना राष्ट्र समिति का चुनाव निशान कार उकेरा गया है.

इसी के साथ ही मंदिर में पहले प्रधानमंत्री नेहरू से लेकर अटल बिहारी बाजपेयी और देश के दूसरे महत्वपूर्ण नेताओं की छवियां भी मंदिर परिसर में उकेरी गई हैं.

तेलंगाना सरकार का दावा है कि यह मंदिर देश का सबसे भव्य मंदिर बनकर अगले साल सामने आएगा.

Spread the love

Leave a Comment